उज्जैन। उपनिषद आश्रम पर अभा महाशिवरात्रि महोत्सव मृत्युंजय महा रूद्र यज्ञ व संत सम्मेलन, प्रवचन हुए। इस अवसर पर मुख्य विषय-संन्यासेन तनुं तजेत् था। संतों ने एक स्वर में कहा कि चारों वर्णाश्रम में संन्यास आश्रम सर्वश्रेष्ठ है। मोक्ष और मुक्ति का मार्ग है। उपनिषद आश्रम के संस्थापक स्वामी वितरागानंद, राज्यसभा सांसद उमेश नाथ, अभा ब्राह्मण समाज राष्ट्रीय अध्यक्ष पं. सुरेंद्र चतुर्वेदी, नारायण पंडित, डॉ. गोविंद गंदे, लव चंद,जन अभियान परिषद के पूर्व उपाध्यक्ष विभाष उपाध्याय तथा धर्म सभा अध्यक्ष डॉ. रामेश्वर दास आदि संतों ने संबोधित किया। चतुर्वेदी के नेतृत्व में वितरागानंद सरस्वती का शाल श्रीफल और माल्यार्पण कर अभिनंदन किया गया।