उज्जैन। शांतिनाथ दिगंबर जैन मंदिर लक्ष्मी नगर में क्षमाश्री माताजी एवं सुखद मति माताजी के सान्निध्य में ध्यान की कक्षा में कई लोग सम्मिलित हुए। समाज सचिव सचिन कासलीवाल एवं मंदिर सचिव सुशील लुहाडिया ने बताया सुबह से ही श्रीजी का अभिषेक, शांति धारा, 10 लक्षण धर्म की पूजा, प्रवचन, आहारचर्या, दोपहर में तत्व चर्चा, शाम को ध्यान शिविर लगा। माताजी ने प्रवचन में कहा कि पर्यूषण का दूसरा दिन हो गया है। सभी को अपने गुस्से पर नियंत्रण करने के लिए आज का दिन महत्वपूर्ण माना जाता है। तपोभूमि पर श्रावक संयम साधना शिविर में ब्रह्मचारिणी प्रभा दीदी ने प्रवचन में कहा कि सूरज हमें सुबह उठकर रोशनी और प्रकाश देने आता है। अगर हम चाहे तो इस पर्यूषण पर्व में सूरज की तरह ही ज्ञान का प्रकाश ले सकते हैं। ,इसके लिए हमें हमारे नेत्र चक्षु रूपी दरवाजों को खोलना पड़ेगा।
