उज्जैन। महाकाल, हरसिद्धि, चारधाम, राममंदिर, रामघाट आदि स्थानों पर छोटा-मोटा रोजगार कर अपने परिवार का भरण-पोषण करने वालों को हटा दिया। सैकडो पथ विकेता बेरोजगार हो गए। हाथ ठेला एवं फुटपाथ व्यापारी संघ महाकाल ने संभागायुक्त को ज्ञापन देकर पथ विक्रेता कानुन 2014 का लाभ पथ विक्रेताओं को दिलाने की मांग की। भारतीय मजदूर संघ जिला सहमंत्री संजयसिंह चौहान ने कहा कि महाकालेश्वर मंदिर पर 26 फरवरी को महाशिवरात्रि पर 24 फरवरी को सभी पथ विक्रेता अपना ठेला गाडी हटा लेंगें। संजयसिंह के अनुसार पथ विक्रेता कानुन 2014 के अनुसार राज्य सरकार ने 2017 में नगरीय आवास विकास एवं नगरीय प्रशासन विभाग में टीवीसी कमिटी का नोटीफिकेशन जारी किया है लेकिन आज तक कमेटी गठन के बाद भी पथविक्रेताओं के हित में कोई योजना नहीं बनी है। कमेटी 2020 के गठन आदेश के समय शहर में पथ विक्रेताओं को रोजगार के लिए 3 जोनों में लिया है। कमेटी की सिफारीश (आदेश) के बिना पथ विक्रेताओ को स्व-रोजगार स्थल से नहीं हटाया जाएगा, यह कानुन और नोटीफिकेशन है। इसके बाद भी पथ विक्रेताओं को स्व रोजगार स्थान से हटाकर उनका रोजगार बंद करा दिया गया है। पथ विक्रेता अर्जुन कहार, राहुल प्रजापत, जीवन चौधरी, केशव, आरती पांचाल, बलिराम योगेश, नरेश चौहान आदि ने संभागायुक्त, कलेक्टर, एसपी के साथ ही सांसद, विधायक, नगर अध्यक्ष भाजपा, महापौर के नाम पत्र देकर मांग की कि हमें हमारा व्यापार करने दिया जाए। कानून का पालन सरकार कराए ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *