समस्त जीव शक्ति को अभय दान देने की प्रेरणा देता है पर्युषण पर्व – साध्वी डॉ. नीलांजना
उज्जैन।र्युषण पर्व पर शांतिनाथ मंदिर छोटा सराफा में साध्वी डॉ. नीलांजना ने कहा कि पर्युषण पर्व समस्त जीव शक्ति को अभय दान देने की प्रेरणा देता है। पर्यूषण का द्वितीय प्रभात हमारे जीवन में कषायों का जहर क्षमा की अमृत धारा में बदलने आया है। भगवान महावीर ने अहिंसा को जीवन का रसायन कहकर उसकी व्याख्या की है। पर्युषण के दिनों में हमें संकल्प लेना चाहिए कि हम मानवता से परिपूर्ण बने। हमारा आचरण जैनत्व के संस्कारों से सुवासित बने। इसी क्रम में साध्वी श्री से ने पर्युषण के पांच कर्तव्यों की विस्तृत व्याख्या की।
